खैरागढ़ नगर पालिका अध्यक्ष मीरा गुलाब चोपड़ा के बेटे डॉ. अर्पित ने किया है सुपर स्पेशिलिटी मॉडर्न होम्योपैथी का आविष्कार।
कोरोना काल में एक लाख लोगों को मुफ्त में बांटी है रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने वाली होम्योपैथी की दवाई।
खैरागढ़. मध्यप्रदेश के इंदौर शहर में Corona वॉरीयर्स के रूप में भूमिका निभा रहे खैरागढ़ नगर पालिका अध्यक्ष मीरा गुलाब चोपड़ा के बेटे डॉ. अर्पित चोपड़ा ने होम्योपैथी में नई पद्धति ईजाद की है। इसका नाम है सुपर स्पेशिलिटी मॉडर्न होम्योपैथी चिकित्सा। इसके तहत वे असाध्य रोगों का इलाज कर रहे हैं। Big Conspiracy : डायवर्सन से पहले देखा, पर नहीं लिखा नाला, आरआई बोले- पटवारी का दोष, तहसीलदार खामोश!
इसी पद्धति के आधार पर डॉ. अर्पित ने Corona अर्थात Covid-19 को लेकर प्रिवेंशन एंटी डोज भी तैयार किया है। इसमें एल्बम-30 और इन्फ्लूएंजा-30 सहित अन्य दवाओं का मिश्रण है। डॉ. अर्पित का दावा है कि इसके एक डोज से ही व्यक्ति की रोग प्रतिरोधक क्षमता मजबूत हो जाती है।
सोमवार को रागनीति के कार्यकारी संपादक प्राकृत शरण सिंह से ऑन लाइन चर्चा के दौरान डॉ. अर्पित ने बताया कि उन्होंने इंदौर में तकरीबन एक लाख लोगों को यह दवा मुफ्त में दी है। पहले तो उन्होंने 25 हजार लोगों का टारगेट ही रखा था, लेकिन बाद में डिमांड बढ़ती गई और वह दवा बनाते चले गए।

फिलहाल इलाज नहीं पर बचाव जरूरी
डॉ. अर्पित का कहना है कि फिलहाल कोविड-19 का कोई इलाज नहीं है, लेकिन बचाव बेहद जरूरी है। कोई भी व्यक्ति दिन में दो बार 10-10 गोली लेकर अपना इम्युन सिस्टम स्ट्रांग कर सकता है। वे कहते हैं कि इससे कोरोना वायरस से बचाव होगा।
नौ दवा को मिलाकर बनाया इम्युन बूस्टर
डॉ. अर्पित ने बताया कि दो मार्च को लैब में काम करते समय हमने सबसे पहले दो दवाओं आर्सेनिक एल्बम-30 और इन्फ्लूएंजा-30 को मिलाकर देना शुरू किया। समय के साथ जब बीमारी बढऩे लगी तब हमें दवा को परिष्कृत करने की आवश्यकता हुई।
इसके बाद हमने नौ दवाओं को मिलाकर इम्युन बूस्टर मॉडर्न होम्योपैथी प्रिवेंटिव फॉर कोरोना नामक दवा बनाई। इसमें आर्सेनिक एल्बम-30, इन्फ्लूएंजिनम-30, जेल्सिमियम-30, साइलिसिया-30, ब्रायोनिया-30, सीपिया-30, कैम्फर-30, सिफलिनम-30 और पायरोजिनम-30 शामिल हैं।
खैरागढिय़ा ऑन लाइन हैं...सुपर स्पेशिलिटी मार्डन होमियोपैथी चिकित्सा पद्धति के आविष्कारक हैं डॉ. अर्पित
Posted by Prakrit Sharan Singh on Monday, September 7, 2020
इन दवाओं के मिश्रण के केवल एक डोज में इतना पॉवर है कि बॉडी रिस्पांड करने लगती है। डॉ. अर्पित ने बताया कि उसने पहले 25 हजार लोगों तक दवा पहुंचाने का टारगेट रखा था, लेकिन बाद में यह बढ़ा और अलग-अलग स्थानों पर जाकर उन्होंने यह दवा मुफ्त में बांटी।
अर्पित के पिता वरिष्ठ कांग्रेसी गुलाब चोपड़ा ने बताया कि उसने दवा भेजने की बात की है। दवा आने के बाद निर्मल त्रिवेणी की टीम के साथ मिलकर हर प्रत्येक व्यक्ति तक इसे पहुंचाने का पूरा प्रयास किया जाएगा।